1000cc कार के इंजन और 1000cc बाइक के इंजन में क्या अंतर होता है ?

1000cc कार के इंजन और 1000cc बाइक के इंजन में क्या अंतर होता है ?

What is the difference between 1000cc car engine and 1000cc bike engine?

एक बाइक और एक कार में क्या डिफरेंस होता है यह हम सब को तो पता ही है । पर क्या आपको यह पता है की एक बाइक के इंजन और कार के इंजन में क्या फर्क होता है ? इन दोनों में किसका पावर आउटपुट, परफॉर्मेंस, एफसेंसिय बेहतर होगी और इन गाड़ियों में सबसे ज्यादा तेज कौन होगा ? चलिए दोस्तों आज हम इसी बात को जानने की कोशिश करते हैं ?

जब भी हम किसी ऑटो-मोबिल के इंजन को कंपेयर करते हैं तो परफॉर्मेंस के लिए सबसे मुख्य पैरामीटर होता है । पावर टू वेट रेशों ( Power to Weight reso ) इस फॉर्मूला से हमे किसी वाहन के वजन के हिसाब से उस वाहन के 1 किलो वजन के लिए इंजन का कितना हॉर्स पावर ( hp ) अवेलेबल है यह पता चलता है ।

पावर टू वेट रेशों का फार्मूला ( P/W ratio ) =

Brake Horsepower Delivered by the automobile / The Weight of the Automobile

चलिए दोस्तों इसे हम एक उदाहरण से समझने की कोशिश करते हैं । मान लीजिए दोस्तों हमारे पास एक कार जिसके इंजन की कैपेसिटी 1000cc है और उस कार का वजन 800kg है और उस कार का पावर आउटपुट 70 - 80 हॉर्स पावर है । ऐसे में अगर हम उस कार का पावर टू वेट रेशों निकाले तो -

  • P/W = Bhp / weight
  • P/W = 80 / 800
  • P/W = 0.1 Hp/Kg

तो जहां दोस्तों आपने देखा कि कार में पर Kg के लिए हमारे पास 0.1 Hp का ही पावर उपलब्ध है ।

अब दोस्तों हम एक 1000cc का बाइक का उदाहरण लेते हैं । जिसका वजन 150 किलो तथा पावर आउटपुट 200 Hp है ।

  • P/W = Bhp / Weight
  • P/W = 150 / 200
  • P/W = 1.33 Hp/Kg

तो दोस्तों आपने यहां देखा कि हमें बाइक के लिए per Kg के लिए 1.33 Hp का पावर होता है । दूसरी तरफ आपने कार का भी हॉर्स पावर की गणना को देखा । यहां यह तो स्पष्ट हो जाता है कि हमें बाइक में वजन के हिसाब से per Kg के लिए ज्यादा पावर आउटपुट देखने को मिला ।

अब दोस्तों हम दूसरे अन्य फैक्टरों से इसकी तुलना करते हैं सबसे पहले तो हमें यह समझना होगा कि सामान्यत: अधिकतम 1000cc की कारें पैसेंजर कारें होती है तथा इनका टारगेट हाई स्पीड पाना नहीं होता । और दूसरी तरफ़ अगर हम किसी 1000cc के सुपर बाइक की बात करें तो इनका मेन उद्देश्य ही होता है हाई स्पीड को पाना ।

इस टारगेट को पाने के लिए ही बाइक के इंजन को हल्का बनाया जाता है । इससे हमें high RPM पर हमें हाई स्पीड प्राप्त करने में मदद मिलती है । वहीं अगर हम किसी 1000cc के कार के इंजन की बात करें तो इसे बनाने के लिए जिस मटेरियल यूज़ किया जाता है, वह तो न ज्यादा लाइटर होता है और न ही ज्यादा टफर होता है । और ना ही इसकी कीमत ज्यादा होती है । क्योंकि दोस्तों किसी 1000cc कार के लिए इंजन बनाया जाता है तो उनका मेन टारगेट कार की वजन को सामान्य रखते हुए फ्यूल इकोनामी को बेहतर और लो आरपीएम पर बेटर परफॉर्मेंस वाली इंजन बनाना होता है ।

इसके विपरीत अगर किसी सुपर बाइक्स के 1000 सीसी के इंजन का निर्माण किया जाता है तो उसमें एडवांस टेक्नोलॉजी का उपयोग किया जाता है । इंजन को हल्का रखते हुए गियर बॉक्स के साइजेस को भी छोटा से छोटा रखा जाता है इसके साथ गियर रेशों को भी अधिक रखा जाता है ताकि बाइक मैक्सिमम स्पीड अचीव कर पाए ।

अगर हम इन दोनों इंजनों को साइज के हिसाब से कंपेयर करें तो जितना 1000cc कार के गियर बॉक्स का साइज होता है उतना 1000 सीसी के किसी बाइक के पूरा कंपलीट इंजन का साइज होता है ।

अब दोस्तों सबसे इंपोर्टेंट फैक्टर की बात करें तो वह है इनकी कीमत । दोस्तों अगर आप कोई 1000 सीसी का कार खरीदते हैं तो आपको इसके लिए कम से कम 5 से 8 लाख रुपए खर्च करने होंगे । वहीं अगर आप 1000 सीसी के किसी सुपर स्पोर्ट बाइक खरीदने की सोच रहे हैं तो उसके लिए आपको मिनिमम 15 से 20 लाख रुपए खर्च करने पड़ सकते हैं ।

तो दोस्तों अब आप यह समझ चुके होंगे कि किसी 1000cc बाइक और कार के इंजन में क्या डिफरेंस होता है ? और यह डिफरेंस क्यों रखा जाता है इसे भी आप भली-भांति समझ चुके होंगे । उम्मीद करते हैं दोस्तों की आपको यह छोटी सी जानकारी अच्छी लगी होगी । अगर अच्छी लगी हो दोस्तों तो हमें कमेंट करके जरूर बताएं तथा इसके साथ ही लेटेस्ट अपडेट के लिए हमारे टेलीग्राम चैनल को ज्वाइन करना बिल्कुल भी ना भूलें ।


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